आगामी सिंहस्थ-2028 के सुचारु, सुरक्षित एवं व्यवस्थित संचालन को दृष्टिगत रखते हुए नीमच पुलिस द्वारा जिला स्तर पर विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास द्वारा आज दिनांक 08 जून 2026 को पुलिस कंट्रोल रूम स्थित सभाकक्ष में आयोजित द्वितीय प्रशिक्षण सत्र का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास द्वारा प्रशिक्षकों एवं प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे पुलिसकर्मियों से संवाद कर सिंहस्थ महापर्व की व्यवस्थाओं, चुनौतियों एवं पुलिस की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि सिंहस्थ जैसे विशाल धार्मिक आयोजन में पुलिस बल की दक्षता, अनुशासन, संवेदनशीलता एवं त्वरित निर्णय क्षमता अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम पुलिस कर्मियों को व्यावहारिक परिस्थितियों के अनुरूप तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विदित हो कि सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को लेकर जिले के समस्त पुलिस बल को दिनांक 01 जून 2026 से 31 दिसंबर 2026 तक चरणबद्ध रूप से विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाना है। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य पुलिस कर्मियों को भीड़ प्रबंधन, यातायात व्यवस्था, आपदा प्रबंधन, संचार समन्वय, सुरक्षा प्रबंधन एवं आपातकालीन परिस्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सक्षम बनाना है। इस प्रशिक्षण श्रृंखला के अंतर्गत प्रथम सत्र दिनांक 01.06.2026 से प्रारंभ होकर दिनांक 06.06.2026 तक संचालित किया गया था। जिसमें 50 पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सिहंस्थ 2028 हेतु विशेष रूप से प्रशिक्षित कर्मचारियों द्वारा पावर प्वाईंट के माध्यम से प्रशिक्षण दिया गया था। पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे अधिकारियों एवं कर्मचारियों से प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान एवं अनुभवों का अधिकतम लाभ उठाने तथा भविष्य में उन्हें व्यवहारिक रूप से लागू करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षित एवं सक्षम पुलिस बल ही बड़े आयोजनों के सफल एवं सुरक्षित संचालन की आधारशिला होता है। इस अवसर पर रक्षित निरीक्षक विक्रम सिंह भदौरिया, सुबेदार सुरेश सिसोदिया सहित प्रशिक्षकगण एवं प्रशिक्षणार्थी पुलिसकर्मी उपस्थित रहे