नीमच। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेशव्यापी "नशे से दूरी है जरूरी अभियान 2.0" के तहत जिले में युवाओं एवं आमजन को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने के लिए विभिन्न जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। पुलिस अधीक्षक राजेश व्यास के निर्देशन में 15 से 30 जुलाई तक चलने वाले इस अभियान के अंतर्गत जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में लगातार गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।
अभियान के तहत गुरुवार को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमलता अग्रवाल ने केंद्रीय विद्यालय क्रमांक-1, नीमच कैंट में विद्यार्थियों को नशे के सामाजिक, मानसिक एवं शारीरिक दुष्परिणामों की जानकारी दी। इस अवसर पर चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने आकर्षक चित्रों के माध्यम से नशामुक्त जीवन का संदेश दिया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों एवं विद्यालय स्टाफ को नशामुक्ति की शपथ भी दिलाई गई तथा स्वयं नशे से दूर रहने के साथ परिवार, मित्रों और समाज को भी इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प कराया गया। कार्यक्रम में यातायात थाना प्रभारी रक्षित निरीक्षक सोनू बड़गुर्जर सहित विद्यालय का स्टाफ एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
इसी क्रम में 22 एवं 23 जुलाई को जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में भी जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। थाना नीमच कैंट क्षेत्र में बस स्टैंड, सब्जी मंडी एवं जिला चिकित्सालय, थाना जावद में बस स्टैंड, थाना सिंगोली अंतर्गत ग्राम रूपपुरिया तथा थाना कुकड़ेश्वर अंतर्गत ग्राम सांकरिया खेड़ी में ग्राम चौपालों एवं जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से आमजन को नशे के दुष्परिणामों की जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई और समाज में नशामुक्त वातावरण बनाने का संदेश दिया गया।
जिला पुलिस ने आमजन से अपील की है कि वे नशे के विरुद्ध इस जनआंदोलन का हिस्सा बनें, स्वयं नशे से दूर रहें तथा अपने परिवार और समाज को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करें। जनसहभागिता से ही स्वस्थ, सुरक्षित और नशामुक्त समाज का निर्माण संभव है।