इंदौर - कोर्ट ने 2019 में हुई एक शादी को शून्य घोषित कर दिया है। कोर्ट ने माना कि लड़की के पिता ने बेटी की मानसिक हालत को दूल्हे से छिपाया। दुल्हन के रिएक्ट करने का तरीका और चल रहा इलाज इस बात के प्रमाण हैं कि दुल्हन शादी के पहले से ही मानसिक रोगी है। इसके बावजूद परिवार ने उसकी शादी करा दी। उसे न दांपत्य के संबंध में जानकारी है और न ही शादी को लेकर जवाबदारियां पता है। फैसले से पहले लड़की के पिता ने कोर्ट में दलील दी कि ‘लड़की ठीक है, सिर्फ स्लो मूवमेंट करती है।’ हालांकि कोर्ट ने यह दलील खारिज करते हुए दूल्हे के पक्ष में फैसला सुनाया है।