निंबाहेड़ा में दो फरवरी को हुए दिनदहाड़े मर्डर के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपियों ने मुख्य चार आरोपियों को फैसिलिटी देने, शरण देने और भगाने में मदद की थी। गिरफ्तार हुए तीनों आरोपियों में से एक आरोपी मुख्य आरोपी का पिता है। वहीं, पुलिस की तीन टीम मंदसौर पुलिस के साथ चारों आरोपियों की लगातार तलाश कर रही है। इसी के साथ हत्या करने वाले अज्ञात आरोपियों को नामजद भी कर लिया है। चित्तौड़गढ़ पुलिस ने चारों आरोपियों के लिए पांच-पांच हजार रुपए का इनाम घोषित किया है। हत्या करने वाले चारों आरोपियों की हुई पहचान एसपी राजन दुष्यंत ने बताया कि बंटी उर्फ विकास आंजना हत्याकांड के मामले में पुलिस को सफलता मिली है। बंटी आंजना की हत्या करने वाली वाले आरोपियों की पुलिस ने पहचान कर ली है। एसपी राजन दुष्यंत ने बताया कि घटना वाले दिन चार जने दो मोटरसाइकिल से आए थे। उनमें से एक आरोपी साइड में खड़ा था, जबकि अन्य तीन आरोपी सीसीटीवी कैमरे में दिखे। जांच को आगे बढ़ाया गया और सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए तो चार जनों की पहचान हुई। इन चारों में तीन आरोपी मंदसौर के पिपलिया मंडी के रहने वाले हैं और एक निंबाहेड़ा का रहने वाला है। गोली मारकर हत्या करने वाला मुख्य आरोपी अजयपाल पुत्र प्रभु लाल जाट और उसके साथ सुरेश पुत्र किशोर जाट, कृष्णपाल उर्फ कान्हा पुत्र गुलाब सिंह सिसोदिया और निंबाहेड़ा रमेश उर्फ कान्हा पुत्र मन्नालाल भील शामिल थे। एसपी राजन दुष्यंत ने बताया कि इन चारों आरोपियों की मंदसौर, एमपी में भागने की सूचना थी। जिसके आधार पर मंदसौर पुलिस के साथ मिलकर 3 टीमों का गठन किया गया और लगातार उनकी तलाश की जा रही है। अलग-अलग तरह से मदद कर रहे थे तीन आरोपी, हुए गिरफ्तार एसपी राजन दुष्यंत ने बताया कि चारों आरोपियों ने लोकल लोगों से इस मर्डर के लिए अलग-अलग तरह की हेल्प ली थी। • हत्या के समय यूज की गई मोटरसाइकिल प्रोवाइड करवाने - अंबानगर निंबाहेड़ा निवासी कमल सिंह पुत्र इंद्र सिंह राजपूत की भूमिका पाई गई थी। अजय पाल ने कमल सिंह के अकाउंट में भी रुपए डाले थे, जिसके ट्रांजैक्शन प्रूफ पुलिस ने जब्त कर लिए। - इसी तरह मंदसौर निवासी राहुल सूर्यवंशी पुत्र रोडमल सूर्यवंशी ने आरोपियों को मंदसौर में अपने होटल में शरण देने में सहयोग किया था। होटल से चार जिंदा कारतूस भी मिले। जो घटना वाले स्थान से मिले कारतूस से मैच हो रहे थे। - इसके अलावा अजयपाल जाट का पिता मंदसौर निवासी प्रभुलाल पुत्र भंवर लाल जाट ने तीनों को पुलिस की बार बार इनफार्मेशन दे कर मौके से सभी के भागने में सहयोग किया था। चारों में से सुरेश जाट और कान्हा भील को प्रभु लाल ने अपने घर में शरण दी थी। पुलिस ने कमल सिंह, राहुल सूर्यवंशी और प्रभु लाल को गिरफ्तार कर लिया है। पांच-पांच हजार रुपए का रखा इनाम उन्होंने बताया कि इसके लिए इन आरोपियों को पकड़ने के लिए 3 विशेष टीमों का गठन किया गया। जो मंदसौर की पुलिस टीम के साथ मिलकर लगातार उनकी तलाश में जुटी है। इस बारे में मंदसौर के एसपी अनुराग से लगातार बात भी हो रही है। इन चारों आरोपियों को पकड़ने के लिए एसपी राजन दुष्यंत ने पांच-पांच हजार रुपए का इनाम घोषित किया है। पुरानी दुश्मनी के चलते हुआ था मर्डर, राजनीतिक एंगल से एसपी ने किया इनकार एसपी राजेंद्र दुष्यंत ने बताया कि अभी तक की जांच में यह बात सामने आ रही है कि फरार आरोपी अजयपाल जाट का मृतक बंटी उर्फ विकास के साथ पुरानी दुश्मनी थी, जिसके चलते यह मर्डर हुआ था। लेकिन अभी तक किसी भी तरह की राजनीतिक एंगल जांच में नहीं पाया गया। उन्होंने कहा कि इस मामले में और ज्यादा जानकारी देना जल्दबाजी होगी। दिसंबर में जेल से छूटा था अजयपाल मुख्य आरोपी अजयपाल जाट के खिलाफ नौ अन्य मुकदमे भी दर्ज है। अभी दिसंबर में ही अजयपाल जेल से छूटा था। उसे हथियार सप्लाई के मामले में जेल भेजा गया था। इसी तरह पकड़े गए आरोपियों में से कमल सिंह का क्रिमिनल रिकॉर्ड मिला है। यह थी घटना छोटी सादड़ी थाना क्षेत्र के केसुंदा के रहने वाले बंटी के दोस्त ललित प्रजापत की 6 महीने की बेटी की मौत हो गई थी। बंटी शोक जताने अपने दोस्त विकास और देवेंद्र के साथ ललित के घर गया था। ललित से मिलने के बाद वो तीनों एक ही बाइक पर लौट रहे थे। शाम के करीब 5 बजे रास्ते में निंबाहेड़ा जेल के सामने एक बदमाश ने बाइक को रुकवाया। जैसे ही बाइक रुकी बदमाश ने अपनी जेब से बंदूक निकाली। बंदूक देखते ही विकास और देवेंद्र भागकर एक कोने में छिप गए। बंटी बदमाश के सामने अकेला पड़ गया। तभी पीछे से दो बदमाश बाइक पर आए। उन्होंने बंटी को पकड़कर एक कार के सामने गिरा दिया और फायरिंग शुरू कर दी। जिससे उसकी मौत हो गई।