जयपुर में 43 लाख रुपए की साइबर ठगी का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। इसमें चार बदमाशों को गिरफ्तार किया गया है। बदमाशों ने महिला को झांसे में लेकर 5 दिन में इतनी बड़ी रकम ठग ली है। महिला डॉक्टर को यूट्यूब पर वीडियो लाइक और शेयर करने का झांसा दिया गया था। डॉक्टर को ठगी का एहसास हुआ तो उन्होंने 4 अप्रैल को एसओजी में रिपोर्ट दर्ज करवाई। ठगों के खातों की जांच की गई तो 22 करोड़ रुपए के लेन-देन का भी खुलासा हुआ है। एसओजी की जांच अधिकारी सज्जन कंवर ने बताया- अंकिता सिंह (35) के मोबाइल पर 1 मार्च को अपूर्वा ग्लोबल एडवरटाइंजिंग कंपनी के सेल्स मैनेजर का वॉट्सऐप और टेलिग्राम पर मैसेज आया। मैनेजर ने बताया- हमारी कंपनी में पार्ट टाइम जॉब चल रहा है। इसमें यूट्यूब वीडियो पर लाइक करने पर हर वीडियो के 50 रुपए मिलेंगे। इससे हर दिन 2500 रुपए कमा सकते हैं। पीड़िता बदमाशों के फेर में फंस गई। 8 मार्च से 12 मार्च तक वीडियो लाइक करने पर ठगों ने 7-8 हजार रुपए दे दिए। इसके बाद साइबर ठगों ने 28 मार्च को पीड़िता को फोन कर कहा- आप गलत वीडियो को लाइक कर रही हैं। इसके लिए उन्हें दो लाख रुपए देने होंगे, जो बाद में उन्हें मिल जाएंगे। पीड़िता ने बदमाशों के खाते में रुपए डाल दिए। इसके बाद बदमाशों ने कहा- और भी रुपए देने होंगे। नहीं तो रुपए डूब जाएंगे। 28 मार्च से 1 अप्रैल तक पीड़िता ने बदमाशों के खाते में 43 लाख रुपए जमा करवा दिए। ठगी का अहसास होने पर पीड़िता ने पूरी बात दोस्तों को बताई। आखिर 4 अप्रैल को एसओजी में रिपोर्ट दर्ज कराई।जांच अधिकारी सज्जन कंवर ने बताया- जांच में सामने आया कि पीड़िता ने जिन 11 बैंक खातों में रुपए जमा करवाए। उनमें से 9 बैंक खातों में फरवरी-मार्च 2023 में लगभग 22 करोड़ रुपए का लेन देन हुआ है। इसमें से 30.81 लाख रुपए इन खातों में फ्रीज हैं। खातों से लिंक फोन नम्बरों के रिकॉर्ड की जांच की गई। नंबर की जांच करने पर पता चला कि ये चित्तौड़गढ़ और भीलवाड़ा के लोग यूज कर रहे हैं। इन अकाउंट को यूज करने वाले 4 आरोपियों को चितौड़गढ़ व भीलवाड़ा से गिरफ्तार किया गया। जांच में सामने आया भीलवाडा, चितौड़गढ़ की इस गैंग के अपराधी मुंबई जाकर फर्जी कंपनी रजिस्ट्रर्ड करवाते हैं। बनावटी ऑफिस तैयार कर कंपनी के नाम से करंट खाता खुलवाते हैं। उन खातों को भीलवाड़ा और चितौड़गढ़ से संचालित करते हैं।