नीमच। शहर के उपनगर नीमच सिटी में दो बैंक हैं एक जिला सहकारी बैंक है और एक सेंट्रल बैंक आफ इंडिया शाखा भगवानपुरा। सेंट्रल बैंक ऑफ़ इंडिया शाखा भगवानपुरा इन दिनों लापरवाही का शिकार है। यहां के अधिकारी और कर्मचारियों से आम जनता त्रस्त हो चुकी है। छोटे-छोटे कामों के लिए चक्कर कटवाए जा रहे हैं। पासबुक में एंट्री के लिए महीनों से परेशान हैं। वरिष्ठ नागरिक और पेंशनरों ने इस बैंक में झांकना भी बंद कर दिया है। कारण किसी भी प्रकार का उनके लिए कोई आयोजन का नहीं होना। पूर्व में जितने भी मैनेजर रहे हैं वह वरिष्ठ पेंशनरों के लिए बैंक द्वारा आकर्षक योजनाओं का प्रचार प्रसार करने हेतु उन्हें बैंक में आमंत्रित कर कोई कार्यक्रम का आयोजन करते रहे हैं। सेंट्रल बैंक के संस्थापक सर सोराबजी पोचखानवाला का जन्म दिवस और जयंती वर्ष हर साल मनाया जाता रहा है इस बार इस बैंक में कुछ भी कार्यक्रम का आयोजन नहीं हुआ। इस बैंक में प्रधानमंत्री मुद्रा लोन के हितग्राही परेशान हैं। योग्य व्यक्तियों को ऋण नहीं दिया जाता है। इस बैंक में अगर आपको कुछ कार्य करवाना हो तो यहां एक प्राइवेट आदमी बैंक मैनेजर से भी ज्यादा पावर में कार्य करता है आपका कार्य तत्काल हो जाएगा बस शर्त है कि आप इस चश्मे धारी से मुलाकात कर लो। अगर रीजनल अधिकारी आकस्मिक इस शाखा का निरीक्षण करें और सभी सीसीटीवी के फुटेज देखे तो यह व्यक्ति सुबह 10:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक नियमित बैंक में नजर आएगा। बैंक में हो रही सुविधा के लिए आम जनता किसके पास जाए ग्रामीण क्षेत्र की जनता सुबह से शाम तक परेशान होती रहती है अपने कृषि संबंधित बैंक के कार्य के लिए। नीमच सिटी के कई लोगों ने बैंक की कार्यप्रणाली और अधिकारियों की लापरवाही के कारण अपने खाते यहां से बंद करना शुरू कर दिया है। कई बैंक से प्रताड़ित भुक्तभोगीयो ने सेंट्रल बैंक ऑफ़ इंडिया के रीजनल अधिकारियों और वरिष्ठ अधिकारियों से इस बैंक की दशा और दिशा सुधारने की मांग की है। भारत के सर्वश्रेष्ठ बैंक में शामिल सेंट्रल बैंक की छवि यहां पर धूमिल हो रही है। कृपया वरिष्ठ अधिकारी ध्यान दें।