हत्या और दुष्कर्म के आरोप में जेल में बंद बेटे को छुड़ाने पिता ने चार लोगों के झांसे में आकर अपनी जमीन बेच दी, और साढ़े पांच लाख रुपए चारों व्यक्तियों को दे दिए। बेटा भी नहीं छूटा और रुपए भी डूब गए। जब आरोपियों ने रुपए नहीं लौटाए तो पिता ने प्रताड़ित होकर आत्महत्या कर ली। मामले में पुलिस ने चारो आरोपियों के खिलाफ प्रताड़ित करने और आत्महत्या के लिए मजबूर करने की धाराओं के प्रकरण दर्ज किया है। जानकारी के अनुसार मामला सीतामऊ थाना क्षेत्र के टाटका गांव का है। यहां पांच मार्च को मोहनलाल पिता भुवान (55) ने पेड़ पर लटककर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच की। जिसमें पता चला कि मोहनलाल का बेटा दुष्कर्म और हत्या के आरोप में जेल में बंद है। जिसको छुड़ाने के लिए मोहनलाल से गांव के ही गोकुलसिंह पिता भंवरसिंह, बालू पिता माधुसिंह, बद्रीसिंह पिता माधुसिंह और एकलगढ़ निवासी पूर्व सरपंच शंभुलाल पिता प्रभूलाल ने वकील को देने के लिए पांच लाख रुपए मांगे। मोहनलाल ने जमीन बेचकर साढ़े पांच लाख रुपए का इंतजाम किया, और चारों को दिए। लेकिन बाद में पता चला कि रुपए वकील के पास पहुंचे ही नहीं। जब मोहनलाल ने चारों से रुपए वापस मांगे तो उन्होंने देने से मना कर दिया और उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया। इसी प्रताड़ना के चलते उसने 5 मार्च को गांव में ही एक बबूल के पेड़ पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मामले में चारो आरोपियों के खिलाफ धारा 306, 34 के तहत केस दर्ज किया है।