नीमच - म.प्र.शासन व्दारा अनुसूचित जाति वर्ग के युवाओं को स्वरोजगार उपलब्ध कराने के लिए संचालित संत रविदास स्वरोजगार योजना से मिली आर्थिक मदद नीमच जिले के बिसलवास सोनीगरा निवासी रणजीत पिता रोडूलाल आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बडा कदम साबित हुई हैं। इस योजना का लाभ लेकर रणजीत स्वयं का रेडीमेड वस्त्र व्यवसाय प्रारंभ कर, वह आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर भी बन गया हैं। रेडीमेड वस्त्र विक्रय कर रणजीत प्रतिमाह लगभग 20 हजार रूपये की आय प्राप्त कर रहा हैं। इस योजना के तहत नीमच जिले में 2 वर्षो में 43 हितग्राहियों को विभिन्न व्यवसायों के लिए 2 करोड़ 3 लाख 7 हजार 600 रूपये से अधिक की ऋण सहायता शासन द्वारा स्वरोजगार स्थापित करने के लिए उपलब्ध कराई गई हैं। नीमच जिले के बिसलवास सोनीगरा निवासी अनुसूचित जाति वर्ग के रणजीत को जब संत रविदास स्वरोजगार योजना का पता चला, तो उसने जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति कार्यालय नीमच जाकर रेडीमेड वस्त्र व्यवसाय के लिए ऋण आवेदन प्रस्तुत किया। रणजीत को संत रविदास स्वरोजगार योजना के तहत भारतीय स्टेट बैंक शाखा देवली देवली से 3 लाख 50 हजार रूपये का ऋण मिला। इससे रणजीत ने उसने की रेडीमेड वस्त्र व्यवसाय प्रारंभ किया। उसका यह व्यवसाय चल निकला और उसे प्रतिमाह 20 हजार रूपये की आमदनी होने लगी हैं। अब वह आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन गया है। इस योजना से मिली मदद के लिए रणजीत, प्रदेश सरकार व मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव को धन्यवाद दे रहा है, कि शासन की उक्त स्वरोजगार योजना की बदोलत उसे स्वंय का रोजगार मिल गया हैं और वह अपना और अपने परिवार का गुजर बसर अच्छे से कर पा रहा हैं। उल्लैखनीय है, कि संत रविदास स्वरोजगार योजना के तहत नीमच जिले में वर्ष 2022-23 में 21 हितग्राहियों को स्वरोजगार के लिए 95.92 लाख रूपये की ऋण सहायता एवं वर्ष 2023-24 में 22 हितग्राहियों को एक करोड़ सात लाख 15 हजार 601 रूपये की ऋण सहायता प्रदान की गई है।