नीमच | जिले में चिंहाकित सभी सेम एवं मेम श्रेणी के बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार लाकर, उनकी श्रेणी सुधार के लिए विशेष प्रयास करें। आंगनवाडी में दर्ज सभी बच्चों के उचित पोषण पर विशेष ध्यान दिया जाए। महिला एवं बाल विकास विभाग का संपूर्ण अमला स्वास्थ्य विभाग के अमले के साथ आपसी समन्वय से कार्य कर बच्चों के शारीरिक एवं मानसिक विकास पर विशेष ध्यान दे और इसके लिए सामुदायिक स्तर पर भी प्रयास करें। यह निर्देश कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने सोमवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष नीमच में आयोजित जिला स्तरीय पोषण समिति की मासिक बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित योजनाओं और कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ अमन वैष्णव, जिला कार्यक्रम अधिकारी अंकिता पण्डया, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.दिनेश प्रसाद, सभी सीडीपीओ, सेक्टर सुपरवाईजर उपस्थित थे। बैठक में प्रधानमंत्री मातृवंदना योजना की प्रगति की समीक्षा में बताया गया, कि जिले में प्रथम प्रसव वाली सभी महिलाओं को योजनाओं का लाभ दिलाया जा चुका है। व्दितीय प्रसव वाली 74 प्रतिशत महिलाओं को लाभांवित किया जा चुका है। कलेक्टर ने शेष शतप्रतिशत हितग्राहियों को लाभांवित करने के निर्देश दिए। लाड़ली लक्ष्मी योजना की प्रगति की समीक्षा में बताया गया, कि लाड़ली लक्ष्मी छात्रवृति योजना तहत 7322 संभावित बालिकाओं में से 6696 बालिकाओं को लाभांवित किया जा चुका है। शेष 626 बालिकाओं को छात्रवृत्ति का इस माह अंत तक भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में सभी सेक्टर सुपर वाईजर को शतप्रतिशत आंगनवाडी केंद्रों में टेकहोम राशन एवं गरम पका भोजन शतप्रतिशत हितग्राहियों को प्रतिदिन उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने के निर्देश भी कलेक्टर ने दिए है। उन्होने सभी आंगनवाडी केंद्रों में बच्चों के लिए प्रतिदिन शाला पूर्व शैक्षणिक गतिविधियां संचालित करने और पोर्टल पर एंट्री करवाने के निर्देश भी दिए है।