नीमच। एक ओर जहां भाजपा के नेता सुशासन के मंचों से अपने विकास के कसीदे पढ़ते नहीं थकते और 'भ्रष्टाचार मुक्त भारत' का खोखला दावा करते हैं, वहीं दूसरी ओर उन्हीं के राज में निर्माण कार्यों में जमकर कमीशनखोरी हो रही है। अधिकारी और नेता मिलकर जनता की गाढ़ी कमाई के टैक्स को भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा रहे हैं। इसका प्रत्यक्ष उदाहरण भाटखेड़ा से डूंगलावदा फंटे तक निर्माणाधीन फोरलेन सड़क और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के दावों की पोल खोलती 'नीमच सिटी पुलिया' है। तानाशाही के इस दौर में आम जनता खुद को ठगा हुआ महसूस कर रही है, क्योंकि नीमच से लेकर राष्ट्रपति भवन तक उनकी सुनने वाला कोई नहीं है।
यह बात आम आदमी पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष इंजीनियर नवीन कुमार अग्रवाल ने जारी एक प्रेस नोट में कही।
पुलिया की दरारों को छुपाने के लिए डामर का खेल
इंजि. नवीन कुमार अग्रवाल ने बताया कि:
"हमने पहले भी कई बार नीमच फोरलेन सड़क में इस्तेमाल हो रही घटिया सामग्री और मानकों के उल्लंघन की शिकायतें की थीं, लेकिन भारी कमीशनखोरी के चलते भाजपा सरकार में कोई सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई और घटिया निर्माण बदस्तूर जारी रहा।"
उन्होंने आगे कहा कि स्थानीय भाजपा जनप्रतिनिधियों ने बड़े-बड़े दावे किए थे कि नीमच सिटी पुलिया बनने से जनता का मार्ग सुगम होगा। लेकिन आज जब मौके पर जाकर जमीनी हकीकत देखी गई, तो सच सामने आ गया। पुलिया पर अभी से जगह-जगह से सीमेंट-कंक्रीट उखड़ चुका है। भ्रष्टाचार और दरारों को छुपाने के लिए उस पर डामर का प्रयोग किया जा रहा है। यह साफ तौर पर प्रमाणित करता है कि पुलिया का निर्माण राजनीतिक संरक्षण में सिर्फ कमीशन को ध्यान में रखकर किया गया है, गुणवत्ता को पूरी तरह ताक पर रख दिया गया। अब यह तो भाजपा ही बता सकती है कि यह पुलिया कब तक टिक पाएगी।
जनता के सामने 'यक्ष प्रश्न'
'आप' नेता ने सीधे जनता से भी सवाल करते हुए कहा कि क्या नीमच की जनता इस घटिया निर्माण के लिए अपने जनप्रतिनिधियों की आंखों में आंखें डालकर सवाल पूछने की हिम्मत जुटा पाएगी? या फिर सिर्फ धर्म की आड़ में देश की चुप बैठी जनता की तरह ही, राम मंदिर में चंदा चोरी होने पर भी मुंह बंद रखकर इन भ्रष्टाचारियों का समर्थन करती रहेगी? आज यह एक बड़ा यक्ष प्रश्न जनता के सामने खड़ा है।
कार्रवाई की मांग:
आम आदमी पार्टी ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच के लिए संबंधित उच्च अधिकारियों को पत्र प्रेषित किया है और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है