नीमच। चिकित्सा विशेषज्ञता और समय पर किए गए उपचार का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करते हुए ज्ञानोदय मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, नीमच के चिकित्सकों ने एक अत्यंत गंभीर हाई रिस्क प्रेग्नेंसी के मामले में 23 वर्षीय गर्भवती महिला एवं उसके नवजात शिशु की जान बचाने में सफलता प्राप्त की।
23 वर्षीय अंजलि नौ माह की पूर्ण गर्भावस्था में प्रसव के लिए अत्यंत गंभीर अवस्था में अस्पताल लाई गई। उस समय उनका रक्तचाप (ब्लड प्रेशर) 220/130 mmHg था। मरीज को लगातार झटके (सीज़र) आ रहे थे, फेफड़ों में पानी भर गया था (पल्मोनरी एडीमा) तथा वह पूरी तरह बेहोश अवस्था में थी। वहीं गर्भस्थ शिशु की धड़कन भी लगातार कम हो रही थी जिससे माँ और शिशु दोनों पर गंभीर खतरा मंडरा रहा था।
अस्पताल पहुंचते ही क्रिटिकल केयर टीम ने तत्काल मरीज को इंट्यूबेट कर वेंटिलेटर सपोर्ट दिया तथा आवश्यक जीवनरक्षक उपचार प्रारंभ किया। मरीज की गंभीर स्थिति एवं उपचार से जुड़े संभावित जोखिमों की पूरी जानकारी उनके पति एवं अन्य परिजनों को दी गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तुरंत इमरजेंसी सिजेरियन ऑपरेशन करने का निर्णय लिया गया। प्रसूति एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. शुभ्रा तिवारी (MBBS, DNB) ने अपनी टीम के साथ जटिल ऑपरेशन सफलतापूर्वक संपन्न किया। ऑपरेशन के दौरान सुरक्षित प्रसव कराया गया और माँ एवं नवजात शिशु दोनों को सुरक्षित रखा गया। ऑपरेशन के बाद मरीज को चार दिनों तक ICU में वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया, जहाँ क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ डॉ. अतुल पाटीदार (MBBS, MD, DM – Critical Care Medicine) एवं उनकी टीम ने 24 घंटे सतत निगरानी कर उपचार किया। परिणामस्वरूप मरीज का रक्तचाप सामान्य हो गया, फेफड़ों की स्थिति में सुधार आया तथा स्वास्थ्य में निरंतर सुधार होने पर उन्हें जनरल वार्ड में स्थानांतरित किया गया।
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार वर्तमान में माँ एवं नवजात शिशु दोनों पूर्णतः स्वस्थ हैं और सफल उपचार के बाद उन्हें स्वस्थ अवस्था में अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
ज्ञानोदय मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल में हाई रिस्क प्रेग्नेंसी, क्रिटिकल केयर, नवजात शिशु चिकित्सा एवं इमरजेंसी सेवाओं के लिए विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम, अत्याधुनिक ऑपरेशन थिएटर, आधुनिक ICU, वेंटिलेटर एवं उन्नत चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध हैं। अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि गंभीर एवं जटिल मामलों में भी समय पर विशेषज्ञ उपचार उपलब्ध कराना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।