नीमच। राजस्थान के गुलाबपुरा निवासी 27 वर्षीय दिनेश की आंख में गंभीर चोट लगने से आंख का रेटिना (पर्दा) क्षतिग्रस्त हो गया था तथा आंख के भीतर कण (Intraocular Foreign Body) पहुंच गया था। इसके कारण उनकी दृष्टि प्रभावित हो गई थी।
गोमाबाई नेत्रालय, नीमच में विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सकों एवं रेटिना विशेषज्ञ की टीम द्वारा जांच के बाद पहली सर्जरी में आंख के भीतर मौजूद कण को निकालने, रेटिना (पर्दा) का ऑपरेशन करने तथा मोतियाबिंद निकालने की जटिल सर्जरी सफलतापूर्वक की गई। इस सर्जरी का मुख्य उद्देश्य आंख को सुरक्षित रखना और दृष्टि को बचाना था।
सर्जरी के बाद आंख की स्थिति में लगातार सुधार हुआ। इसके लगभग चार माह बाद दृष्टि को और अधिक बेहतर बनाने के लिए दूसरे चरण में लेंस प्रत्यारोपण (IOL) सर्जरी सफलतापूर्वक की गई।
दोनों सर्जरियों के सकारात्मक परिणामस्वरूप दिनेश की दृष्टि में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। अब वे अपने दैनिक कार्य सहजता से स्वयं कर पा रहे हैं और सामान्य जीवन व्यतीत कर रहे हैं।
लाभान्वित युवक एवं उनके परिजनों ने सफल एवं किफायती उपचार के लिए गोमाबाई नेत्रालय के चिकित्सकों एवं प्रबंधन का आभार व्यक्त किया है।