नीमच | दिवसीय गणगौर महापर्व की श्रृंखला में नागदा मेनारिया ब्राह्मण समाज महिला मंडल समिति छावनी की मातृशक्ति द्वारा शाम 4 बजे गणगौर की झेल निकाली गई। जो इंदिरा नगर उमाशंकर मांगलिक भवन से प्रारंभ होकर इंदिरा नगर क्षेत्र के विभिन्न मार्गो से होते हुए इंदिरा नगर स्थित बैरिस्टर उमाशंकर त्रिवेदी मांगलिक सभागार प्रांगण पहुंची, जहां इसका विसर्जन किया गया।झेल प्रारंभ के पूर्व में महिलाओं ने वैदिक मंत्र उच्चारण से गणगौर माता की पूजा-अर्चना की। और महिलाओं ने गणगौर के झाले दिए और ईसर-गौरा को जल अर्पित कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। इसके बाद बैंड-बाजों की मधुर धुन और गणगौर लावणियो के साथ झेल का शुभारंभ किया गया। मार्ग में महिलाएं और युवतियां पारंपरिक परिधानों लाल चुनरी लहंगे में गणगौर की लावणिया गाते हुए सोलह श्रृंगार चल रहीं थीं जिससे वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बन गया । सनातन परंपरा में गणगौर पर्व का विशेष महत्व माना जाता है। यह पर्व मुख्य रूप से भगवान शिव (ईसर) और माता पार्वती (गौरा) की साधना को समर्पित होता है। मान्यता है कि इस पर्व पर सुहागिन महिलाएं अपने पति की दीर्घायु और परिवार की समृद्धि के लिए व्रत और पूजा करती हैं, जबकि अविवाहित युवतियां मनचाहा वर पाने की कामना करती हैं। गणगौर की झांकी में गणगौर के रूप में ..... तथा ईशर के रूप में .....ने प्रभावी अभिनय प्रस्तुत किया। इस अवसर पर अध्यक्ष ललिता नागदा, उपाध्यक्ष निवेदिता नागदा, सचिव नेहा नीलू शर्मा, सह सचिव मीनाक्षी जोशी, सांस्कृतिक सचिव प्रियंका विनीता नागदा, कोषाध्यक्ष नेहा नागदा, मीडिया प्रभारी चंचल नागदा ,पूर्णिमा शर्मा,रंजना नागदा ,शकुंतला जोशी, अन्नू शर्मा, चंचल मेनारिया, भारती मेनारिया, नीतू जोशी, प्रीति जोशी, प्रियंका नागदा सहित बड़ी संख्या महिलाएं एवं समाज जन और बच्चे सहित बड़ी संख्या में महिलाएं सहभागी बनी