खरगोन जिले में व्यापारी दिलीप राठौड़ पर फायरिंग और 10 करोड़ रुपए की फिरौती मांगने के मामले में पुलिस ने उज्जैन से बुधवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने महिदपुर और घट्टिया क्षेत्र से आरोपियों को पकड़कर मामले में अब तक कुल 12 गिरफ्तारियां की हैं। खरगोन पुलिस ने महिदपुर रोड स्थित गायत्री नगर निवासी विष्णु मालवीय और घट्टिया क्षेत्र के बिछड़ौद निवासी संदीप प्रजापति को गिरफ्तार किया है। दोनों पर फरार आरोपी को पनाह देने और शूटर से मिलवाने में भूमिका निभाने का आरोप है। इस मामले में पुलिस ने 3 अप्रैल को नागदा के रत्नाखेड़ी निवासी राजपाल को गिरफ्तार किया था। उससे पूछताछ के बाद ही उज्जैन से अन्य आरोपियों तक पहुंच बनी। पुलिस जांच में सामने आया है कि विष्णु मालवीय ने फरारी के दौरान राजपाल को अपने घर में छिपाकर रखा था। वहीं अन्य आरोपियों ने शूटर से संपर्क कराने और वारदात में सहयोग किया। पुलिस ने आरोपी राजपाल के पास से पिस्टल, एक कार और बुलेट बाइक जब्त की है। इनका उपयोग वारदात और फरारी में किया गया था। व्यापारी दिलीप राठौड़ के घर पर गोलीबारी कर आरोपियों ने 10 करोड़ रुपए की फिरौती मांगी थी। इस मामले में लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम सामने आया था। पुलिस के अनुसार, मामले में शूटर, रेकी करने वाले, संसाधन उपलब्ध कराने वाले और गैंग से जुड़े कुल 18 आरोपियों को अब तक गिरफ्तार किया जा चुका है। अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। खरगोन के भीलगांव में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर फायरिंग और 10 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने के मामले में पुलिस ने 6 और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस केस में राजपाल सहित 12 आरोपी पहले ही गिरफ्तार हो चुके थे। अब कुल गिरफ्तार आरोपियों की संख्या बढ़कर 18 हो गई है। वहीं मुख्य आरोपी हैरी बॉक्सर अभी फरार है, जिसकी लोकेशन अमेरिका में मिली है।